
प्रतिनिधी:वैशाली महाडिक
मुंबई : राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के समन्वयक पारसनाथ तिवारी ने पार्टी चीफ शरद पवार के घर के बाहर हुए विरोध प्रदर्शन को दुर्भाग्यपूर्ण बताया है तथा इस घटना की व्यापक जांच की मांग की है। आज एक बयान में तिवारी ने कहा कि इस घटना के पीछे की साजिशों का खुलासा किया जाना चाहिए और इस हमले के लिए जिम्मेदार लोगों को कानून के दायरे में लाने की जरूरत है। तिवारी ने कहा कि इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो, इसका विशेष ध्यान रखा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राजनीतिक विरोध की एक मर्यादा होनी चाहिए।
उधर पवार के घर के बाहर हुए विरोध प्रदर्शन के एक दिन बाद राज्य के डिप्टी सीएम अजित पवार ने शनिवार को खुफिया विफलता स्वीकार की है. शरद पवार के भतीजे और डिप्टी सीएम अजित पवार ने कहा कि खुफिया विभाग इस बारे में सूचना जुटाने में नाकाम रहा. इस घटना की जांच के लिए एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी को नियुक्त किया गया है.
इसी प्रकार शिवसेना ने विपक्षी भारतीय जनता पार्टी पर शुक्रवार शाम को राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के अध्यक्ष शरद पवार के आवास पर हमले की साजिश रचने का आरोप लगाया।पवार से मुलाकात के बाद मीडिया से बात करते हुए, शिवसेना सांसद और मुख्य प्रवक्ता संजय राउत ने कहा कि शुक्रवार को परिवहन कर्मचारियों की हड़ताल एक आंदोलन नहीं थी, बल्कि दक्षिणी मुंबई में सिल्वर ओक्स बंगले में राकांपा नेता के आवास पर एक क्रूर, पूर्व नियोजित हमला था।
राउत ने पवार परिवार से मुलाकात के बाद कहा, यह खेदजनक है कि विपक्ष (भाजपा) इस तरह के कृत्यों का समर्थन कर रहा है। वे महा विकास अघाड़ी सरकार को अस्थिर करने, कानून-व्यवस्था की स्थिति बनाने के लिए राजनीति के निचले स्तर तक गिर रहे हैं।राउत ने आरोप लगाया कि एडवोकेट सदावर्ते को एमवीए सरकार को गिराने के भयावह उद्देश्य के साथ एक श्रमिक आंदोलन की आड़ में भाजपा द्वारा समर्थित किया गया है, लेकिन वे सफल नहीं होंगे।
इस बीच NCP प्रमुख शरद पवार के घर के बाहर प्रदर्शन की घटना को लेकर जोन 2 के DCP योगेश कुमार को हटा दिया गया है. क्राइम ब्रांच के DCP नीलोत्पल को जोन 2 का एडिशनल चार्ज दिया गया है. एक दिन पहले ही पवार के घर के बाहर MSRTC के कर्मचारियों ने विरोध-प्रदर्शन किया था. इस संबंध में मुंबई पुलिस ने शनिवार को कई लोगों की गिरफ्तार की है. एक अधिकारी ने बताया कि अब तक इस संबंध में करीब 110 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है.
एक स्थानीय अदालत ने हड़ताल कर रहे MSRTS कर्मचारियों के प्रतिनिधि होने का दावा करने वाले वकील गुणरत्न सदावर्ते को 2 दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया जबकि अन्य को न्यायिक हिरासत में भेजा गया. पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने यह भी बताया कि राज्य सरकार ने पवार की बेटी सुप्रिया सुले को दिए गए सुरक्षा घेरे की श्रेणी ‘X’ से बढ़ाकर ‘Y+’ कर दी है.
महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी (Bhagat Singh Koshyari) ने शनिवार को कहा कि MSRTC कर्मचारियों द्वारा शरद पवार के घर पर किया गया हमला अच्छी बात नहीं है और राज्य सरकार यह सुनिश्चित करेगी कि ऐसे हमले भविष्य में न हों. नासिक में कोश्यारी ने कहा कि मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे इस मामले को देख रहे हैं. राज्यपाल ने कहा, ‘वह एक परिपक्व नेता हैं जबकि पवार खुद बड़े कद के नेता हैं. इस प्रकार की घटनाएं अच्छी बात नहीं हैं और राज्य सरकार यह सुनिश्चित करेगी कि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों.’
राज्य के गृह मंत्री दिलीप वलसे-पाटिल ने कहा कि पवार परिवार के सुरक्षा कवच को बढ़ा दिया गया है. वलसे-पाटिल ने शनिवार को शरद पवार और उद्धव ठाकरे से मुलाकात भी की. उन्होंने कहा, ‘कल की घटना में सुरक्षा में हुई चूक की जांच की जाएगी.’